दूसरों की मदद करना आपको भी सुख पहुंचता है

शंकर नाम का एक लड़का था। वह बहुत ही गरीब था।  एक दिन लकड़ी का बोझ लिए ओ जंगल से गुजर रहा था। उसने एक गरीब ब्यक्ति को देखा जो बहुत भूखा था। शंकर की इच्छा हुई को वो उस गरीब ब्यक्ति को कुछ खाने को दे लेकिन उसके पास खुद के भोजन के लिए कुछः नहीं था। निराश होकर अपने  रास्ते चलता गया। रास्ते में उसने एक भेड़  देखा जो  बहुत प्यासा था।  वह भेड़  को कुछ पानी देना चाहा। लेकिन वह खुद प्यासा था उसके पास पानी नहीं था पीने  को।  उसे भेड़  को मदद न कर सक्ने का दुःख हुआ।  इस बार फिर निराश हो वो अपने रास्ते चलता बना। कुछ दूर जाने पर उसे एक आदमी कैंप लगते हुए दिखा लैकिन उसके पास लकड़ियां नहीं थी , शंकर ने उसे कुछ  लकड़ियां देकर मदद की बदले में उस आदमी ने उसे खाना  पानी दिया।  अब वह वापस लौट पड़ा भेड़  और भूखे आदमीं को मदद करने। उन दोनों को 

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

ईमानदार लकड़हारा

भक्त की निश्छलता - Guileless Devotee

Guilty Mind is Always Suspicious - Chor ki Dadhi me Tinka